पनवेल–कर्जत नई उपनगरीय रेल कॉरिडोर का 99% निर्माण कार्य पूरा, दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य

मुंबई, अक्टूबर 2026: पनवेल–कर्जत नई उपनगरीय रेल कॉरिडोर परियोजना का निर्माण कार्य लगभग पूरा होने की स्थिति में पहुंच गया है। मुंबई रेलवे विकास निगम (MRVC) द्वारा मुंबई शहरी परिवहन परियोजना के तीसरे चरण (MUTP-III) के अंतर्गत विकसित किए जा रहे इस कॉरिडोर ने सितंबर 2026 तक 99 प्रतिशत भौतिक प्रगति हासिल कर ली है।
कुल 29.6 किलोमीटर लंबी इस दोहरी उपनगरीय रेल लाइन के निर्माण पर ₹2,782 करोड़ की स्वीकृत लागत निर्धारित की गई है। यह कॉरिडोर पनवेल और कर्जत के बीच एक वैकल्पिक उपनगरीय रेल मार्ग उपलब्ध कराएगा। इससे नवी मुंबई और कर्जत–रायगढ़ क्षेत्र के बीच रेल कनेक्टिविटी मजबूत होने की उम्मीद है।
प्रमुख बुनियादी ढांचा कार्य पूरे
परियोजना के अंतर्गत प्रमुख सिविल इंजीनियरिंग कार्य लगभग पूरे हो चुके हैं। सभी 9 बड़े पुल, 35 छोटे पुल, 5 रोड ओवरब्रिज (ROB), 16 रोड अंडरब्रिज (RUB) तथा पनवेल और कर्जत में दोनों रेल फ्लाईओवर का निर्माण पूरा कर लिया गया है।
तीनों सुरंगों का निर्माण कार्य भी पूरा हो चुका है। इनमें खुदाई, अंतिम सुरंग लाइनिंग और बैलास्टलेस ट्रैक बिछाने का कार्य शामिल है। सुरंगों के भीतर विद्युत एवं यांत्रिक संबंधी कार्य प्रगति पर हैं।
ट्रैक बिछाने का कार्य अंतिम चरण में
रेल ट्रैक बिछाने के कार्य में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है। कुल 69.70 किलोमीटर ट्रैक लिंकिंग में से 68.70 किलोमीटर का कार्य पूरा हो चुका है। इसी प्रकार, 68.70 किलोमीटर क्षेत्र में बैलास्ट बेड तैयार करने और ट्रैक संबंधी कार्य भी पूरे किए जा चुके हैं।
पुणे एक्सप्रेसवे रोड अंडरब्रिज के भीतर ट्रैक लिंकिंग का कार्य पूरा हो गया है। इसके अलावा पनवेल, चौक और मोहपे स्टेशनों पर महत्वपूर्ण ट्रैक संशोधन तथा पॉइंट इंसर्शन का कार्य भी सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है।
स्टेशन निर्माण और यात्री सुविधाओं का विकास
नए पनवेल स्टेशन भवन से परिचालन शुरू हो चुका है, जबकि चिखले और मोहपे स्टेशनों के भवनों का निर्माण पूरा कर लिया गया है।
चौक स्टेशन पर भवन और सबवे का कार्य पूरा हो चुका है। हालांकि, प्लेटफॉर्म शेल्टर और स्टेशन के आसपास के क्षेत्र के विकास संबंधी कार्य अभी जारी हैं।
कर्जत स्टेशन पर प्लेटफॉर्म विकास, स्टेशन भवन, प्लेटफॉर्म को ढकने वाली संरचनाओं, लिफ्ट, सीढ़ियों, एस्केलेटर और अन्य यात्री सुविधाओं से जुड़े कार्य उन्नत चरण में हैं।
सिग्नलिंग और अन्य प्रणालियों का कार्य
परियोजना में सिग्नलिंग कार्य लगभग 95 प्रतिशत पूरा हो चुका है। मोहपे और चौक स्टेशनों पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली के फैक्टरी एक्सेप्टेंस टेस्ट (FAT) और साइट एक्सेप्टेंस टेस्ट (SAT) सफलतापूर्वक पूरे कर लिए गए हैं।
दूरसंचार तथा अन्य संबंधित प्रणालियों की स्थापना का कार्य भी प्रगति पर है।
भूमि अधिग्रहण और आवश्यक मंजूरियां पूरी
परियोजना के लिए आवश्यक सभी निजी और सरकारी भूमि का अधिग्रहण कर लिया गया है। आवश्यक वन भूमि का कब्जा भी प्राप्त हो चुका है और वन भूमि पर रेल लाइन के निर्माण से संबंधित कार्य पूरे कर लिए गए हैं। परियोजना के लिए जरूरी वन संबंधी मंजूरियां भी प्राप्त कर ली गई हैं।
नवी मुंबई और रायगढ़ क्षेत्र को मिलेगा लाभ
पनवेल–कर्जत नई उपनगरीय रेल कॉरिडोर मुंबई के उपनगरीय रेल नेटवर्क में एक वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध कराएगा। इससे रेल परिचालन में लचीलापन बढ़ने और यात्रियों को अधिक सुविधाजनक तथा समय की बचत करने वाला यात्रा विकल्प मिलने की उम्मीद है।
इस परियोजना से नवी मुंबई, रायगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में आवागमन बेहतर होने के साथ-साथ आर्थिक गतिविधियों, आवासीय विकास और रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा मिलने की संभावना है।
दिसंबर 2026 तक परियोजना पूरी करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। परियोजना के 99 प्रतिशत भौतिक कार्य पूरे होने के साथ अब शेष कार्यों को अंतिम रूप देने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।
